आगरा के तिरंगा चौक ने बनाया रिकॉर्ड: 3122वें दिन भी लहराया तिरंगा, अब गिनीज बुक में नाम दर्ज कराने की तैयारी
आगरा के तिरंगा चौक पर 26 जनवरी 2018 से रोजाना तिरंगा फहराया जा रहा है। 3122वें दिन भी यह सिलसिला जारी रहा। समिति ने दूसरी बार गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में नाम दर्ज कराने के लिए आवेदन किया है।
आगरा। 15 अगस्त को जब पूरा देश स्वतंत्रता दिवस के जश्न में डूबा है, वहीं आगरा ने भी देशभक्ति की अनूठी मिसाल कायम की है। शहर के तिरंगा चौक पर लगातार 3122वें दिन भी तिरंगा शान से लहराया। 26 जनवरी 2018 से शुरू हुआ रोजाना ध्वजारोहण का यह सिलसिला बिना रुके जारी है। अब इस अनूठी पहल को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दूसरी बार दर्ज कराने के लिए समिति की ओर से आवेदन किया गया है।
कोरोना काल में भी नहीं रुका तिरंगा फहराने का सिलसिला
तिरंगा चौक की सबसे खास बात यह है कि कोरोना महामारी के दौरान भी यहां रोजाना तिरंगा फहराया गया। जब लॉकडाउन के कारण सड़कें सूनी थीं, लोगों का घरों से निकलना बंद था और अधिकांश गतिविधियां ठप थीं, उस दौर में भी समिति के सदस्यों ने सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए ध्वजारोहण जारी रखा।
समिति का कहना है कि देश में आगरा का तिरंगा चौक एक ऐसी अनूठी जगह बन गया है, जहां लगातार हर दिन राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाता है। 3122 दिनों का यह सफर अब एक नए रिकॉर्ड की ओर बढ़ रहा है।
पहले भी मिल चुके हैं कई राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय सम्मान
तिरंगा चौक समिति को इस अभियान के लिए अब तक 8 अंतरराष्ट्रीय, 5 राष्ट्रीय और 128 अन्य सम्मान मिल चुके हैं। समिति के अनुसार, उसे नेल्सन मंडेला अवॉर्ड, वर्ल्ड रिकॉर्ड्स इंडिया, वर्ल्डवाइड बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स और ओएमजी बुक ऑफ रिकॉर्ड्स सहित विभिन्न संस्थाओं से सम्मान प्राप्त हो चुका है।
विभिन्न राज्य सरकारों की ओर से भी समिति के प्रयासों की सराहना की गई है। समिति का उद्देश्य तिरंगे के सम्मान को घर-घर तक पहुंचाना और युवाओं में राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करना है।
कई बड़ी हस्तियां कर चुकी हैं ध्वजारोहण
तिरंगा चौक अब आगरा की पहचान का हिस्सा बन चुका है। यहां कई नामचीन हस्तियां भी तिरंगा फहरा चुकी हैं। इनमें भारतीय क्रिकेटर दीप्ति शर्मा, दीपक चाहर, अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी जयवीर सिंह, राज्यसभा सांसद संजय सिंह, पूर्व केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर और सांसद मनोज तिवारी समेत कई प्रमुख नाम शामिल हैं।
समिति के अनुसार, बॉलीवुड अभिनेत्री रवीना टंडन को भी तिरंगा चौक पर ध्वजारोहण के लिए आमंत्रित किया गया था। उनकी फ्लाइट तक बुक की गई थी, लेकिन किसी कारणवश वह आगरा नहीं आ सकीं। समिति का कहना है कि रवीना टंडन जल्द ही आगरा आकर तिरंगा चौक पर ध्वजारोहण करेंगी।
जहां कभी कूड़े का ढेर था, आज बना देशभक्ति का प्रतीक
तिरंगा चौक की कहानी सिर्फ रोजाना ध्वजारोहण तक सीमित नहीं है। वर्ष 2018 से पहले यह स्थान गंदगी और अव्यवस्था के लिए जाना जाता था। यहां चारों तरफ कूड़े के ढेर लगे रहते थे और पास में नाला बहता था। लोग इस जगह पर कूड़ा फेंकते थे, जिससे बदबू और गंदगी के कारण राहगीरों को परेशानी होती थी।
करीब 300 मीटर की दूरी पर खेरिया एयरपोर्ट होने के कारण यहां से आने-जाने वाले लोगों पर भी इसका असर पड़ता था। ऐसे स्थान को स्वच्छ और देशभक्ति के प्रतीक के रूप में विकसित करना अपने आप में बड़ी पहल रही।
अब गिनीज रिकॉर्ड की ओर नजर
26 जनवरी 2018 से शुरू हुई इस मुहिम ने आज 3122 दिनों का सफर पूरा कर लिया है। अब समिति ने इस रिकॉर्ड को दूसरी बार गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज कराने के लिए आवेदन किया है।
तिरंगा चौक पर रोजाना फहराया जाने वाला राष्ट्रीय ध्वज आज आगरा में देशभक्ति, स्वच्छता और सामाजिक सहभागिता की पहचान बन चुका है। समिति को उम्मीद है कि लगातार ध्वजारोहण की यह पहल जल्द ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बार फिर आगरा का नाम रोशन करेगी।