आगरा में दशलक्षण महापर्व का शुभारंभ, क्रोध और अहंकार पर विजय का दिया संदेश
आगरा में दशलक्षण महापर्व का शुभारंभ हुआ। श्रद्धालुओं को क्रोध और अहंकार त्यागकर क्षमा व आत्मसंयम अपनाने का संदेश दिया गया।
आगरा। जैन समाज के प्रमुख धार्मिक पर्व दशलक्षण महापर्व का आगरा में श्रद्धा और उत्साह के साथ शुभारंभ हुआ। पर्व के पहले दिन मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान श्रद्धालुओं को आत्मसंयम, सदाचार और जीवन में सकारात्मक बदलाव अपनाने का संदेश दिया गया।
दशलक्षण महापर्व जैन धर्म में आत्मशुद्धि और आध्यात्मिक साधना का महत्वपूर्ण पर्व माना जाता है। पर्व के दौरान श्रद्धालु दस धर्मों के सिद्धांतों को अपने जीवन में उतारने का प्रयास करते हैं। पहले दिन उत्तम क्षमा के भाव पर विशेष जोर दिया गया। श्रद्धालुओं से क्रोध को त्यागकर क्षमा और शांति का मार्ग अपनाने का आह्वान किया गया।
क्रोध और अहंकार छोड़ने का संदेश
धार्मिक कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि क्रोध और अहंकार व्यक्ति के जीवन में अशांति पैदा करते हैं। आत्मचिंतन और क्षमा की भावना से इन नकारात्मक भावनाओं पर नियंत्रण पाया जा सकता है। दशलक्षण पर्व केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि स्वयं के भीतर सुधार करने और आत्मशुद्धि का अवसर भी है।
भजन प्रतियोगिता में झूमे श्रद्धालु
महापर्व के अवसर पर आयोजित भजन प्रतियोगिता में श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ भाग लिया। धार्मिक भजनों और संगीत की प्रस्तुति से मंदिर परिसर भक्तिमय हो गया। श्रद्धालु भजनों पर झूमते और भगवान के जयकारे लगाते नजर आए।
कार्यक्रम में महिलाओं, युवाओं और बच्चों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। आयोजन के दौरान धार्मिक वातावरण के साथ समाज में एकता और भाईचारे का संदेश भी दिया गया।
दस दिनों तक होंगे धार्मिक आयोजन
दशलक्षण महापर्व के दौरान अगले दस दिनों तक विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें पूजा-अर्चना, प्रवचन, भजन, सांस्कृतिक कार्यक्रम और धार्मिक प्रतियोगिताएं शामिल रहेंगी। श्रद्धालु प्रतिदिन मंदिरों में पहुंचकर धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लेंगे।
आयोजकों ने बताया कि पर्व का उद्देश्य लोगों को जैन धर्म के सिद्धांतों से जोड़ना और उन्हें अपने दैनिक जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित करना है। श्रद्धालुओं ने भी पर्व के दौरान संयम, क्षमा और आत्मचिंतन का संकल्प लिया।
दशलक्षण महापर्व के शुभारंभ से आगरा के विभिन्न जैन मंदिरों में भक्तिमय माहौल देखने को मिला। आने वाले दिनों में भी शहर में धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला जारी रहेगा।